Skip to main content

कालरी के डब्ल्यू०बी०एम० रोड पर बन रहा है पुनः ग्रेवल मार्ग

-: कालरी के डब्ल्यू०बी०एम० रोड पर बन रहा है पुनः ग्रेवल मार्ग :-
बदरा जमुना - विगत एक सप्ताह से ग्राम पंचायत बदरा के अंतर्गत एस०ई०सी०एल० के डब्ल्यू ०बी०एम० रोड पर ग्रेवल मार्ग का पुनर्निर्माण किया जा रहा है ठेकेदार के द्वारा जेसीबी से डब्ल्यू०बी०एम० रोड पर मिट्टी डालकर नया ग्रेवल मार्ग निर्माण किया जा रहा है एस०ई०सी०एल० वैकल्पिक व्यवस्था के तहत ढोल डालकर पुलिया का निर्माण किया था ठेकेदार के द्वारा उस ढोल को निकाल कर नर्सरी के अंदर बहरहे नाले में दोनों ढोल को डालकर पुलिया का निर्माण किया गया है जो सरासर गलत है पुलिया का जो भी निर्माण राशिउ ग्रेवल मार्ग में निहित है उस पर प्रतिबंध लगाया जाए ठेकेदार द्वारा नर्सरी के अंदर 20 फीट का रोड चारों तरफ बनाया जा रहा है जिससे काफी फलदार पौधों का नुकसान हुआ है चारों तरफ ग्रेवल मार्ग बनने के कारण वृक्षारोपण के लिए भूमि कम पड़ रही है जबकि शासन के द्वारा यहां पर चार यूनिट 625 , 625 पौधों को रोपित करने का आदेश था पौधों के लिए गड्ढे भी मजदूरों द्वारा खोदा जा चुका है लेकिन 20 फीट रोड चारों तरफ बनाने के कारण वृक्षारोपण का कार्य नहीं कराया जा रहा है ग्राम पंचायत बदरा में जो भी कार्य हो रहे हैं सभी कार्य सिर्फ एक ही ठेकेदार द्वारा कराया जा रहा है ग्रेवल मार्ग में जो कि मनरेगा का कार्य है मजदूरों से ना कराकर जेसीबी से कार्य कराया जा रहा है जो नियम विरुद्ध कार्य किया जा रहा है शासन प्रशासन के नाक के नीचे यह कार्य चल रहा है मगर कोई ध्यान नहीं दे रहा है इन्हीं कार्यो के कारण बदरा नर्सरी भी नष्ट होने के कगार पर पहुंच चुकी है कोई भी व्यक्ति ध्यान नहीं दे रहा है अब तो इस कार्य पर जिला पंचायत सी०ई०ओ० या कलेक्टर महोदय ही रोक लगा सकते हैं स्थानीय शासन प्रशासन सिर्फ ठेकेदार का ही सुन रहा है जनपद कार्यालय के कोई भी अधिकारी इसमें हस्तक्षेप नहीं कर रहे हैं जिला प्रशासन से ही अब कार्यवाही की अपेक्षा है

Comments

Popular posts from this blog

जनता की होगी पुलिस, सत्ता की नहीं, MP Police के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट के 7 क्रांतिकारी निर्देश

  जनता की होगी पुलिस, सत्ता की नहीं MP Police के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट के 7 क्रांतिकारी निर्देश Supreme Court on MP Police: मध्य प्रदेश पुलिस के खिलाफ मिली शिकायतों की स्वतंत्र समीक्षा के लिए शिकायत बोर्ड का करना होगा गठन करने के आदेश... दिए 7 क्रांतिकारी निर्देश Supreme Court on MP Police Complaint Board: राज्य में पुलिस शिकायत बोर्ड का गठन वर्षों से लंबित है। सुप्रीम कोर्ट के निर्देश के अनुसार समिति हर जिले में बनना अनिवार्य है। बोर्ड की अध्यक्षता प्रभारी मंत्री होंगे। उद्देश्य पुलिसकर्मियों के खिलाफ मिली शिकायतों की स्वतंत्र समीक्षा करना है। अब डीजीपी ने हाल ही में आदेश जारी कर जिलों में समिति को तत्काल गठित करने के निर्देश दिए हैं। कई जिलों के अधिकारी प्रक्रिया को टालते रहे। अब प्रत्येक शिकायत, जांच और अधिकारी के कदाचार की समीक्षा बोर्ड के जरिए हो सकेगी। विशेषज्ञों का मानना है, यह कदम पुलिस जवाबदेही और पारदर्शिता की दिशा में बड़ा सुधार साबित होगा। बशर्ते समिति सक्रिय रूप से काम करे। जनता की होगी पुलिस, सत्ता की नहीं प्रकाश सिंह बनाम भारत संघ (2006) के मामले में सुप्...

कटनी में पगला कहने पर ऐसा विवाद बढ़ा कि चार लोगों ने मिलकर एक युवक के घर में बम फेंक दिया

 ‘पगला’ कहने पर बढ़ा विवाद तो चार युवकों ने घर के बाहर बम फेंका, इलाके में फैली दहशत MP News: मध्यप्रदेश के कटनी में पगला कहने पर ऐसा विवाद बढ़ा कि चार लोगों ने मिलकर एक युवक के घर में बम फेंक दिया। MP News: मध्यप्रदेश के कटनी शहर के कोतवाली थाना क्षेत्र के गायत्री नगर में उस वक्त हड़कंप मच गया। जब चार युवकों ने घर के बाहल बम फेंक दिया गया। घटना के स्थानीय लोग दहशत में आ गए। पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है। दरअसल, गायत्री नगर स्थित सोनी का बगीचा का मामला है। यहां पर मोहन जायसवाल के घर के बाहर राज बेन, राहुल बेन, प्रशांत बेन और विशाल बेन नामक चार युवक पहुंचे। बताया जाता है कि विवाद की शुरुआत मोहन जायसवाल को ‘पगला’ कहने को लेकर हुई। इसी बात पर कहासुनी बढ़ी और विवाद ने उग्र रूप ले लिया। इसके बाद चारों युवकों ने घर के बाहर बम फेंककर दहशत फैलाते हुए मोहन जायसवाल को जान से मारने की धमकी दी। मोहल्ले में दहशत का माहौल बम फेंकने की जानकारी मिलते ही मोहल्ले में अफरा-तफरी का मच गई। लोग घरों से बाहर निकाल आए और पुलिस को तुरंत सूचना दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने मोहन जायसवाल की श...

10 साल की मूक-बधिर मासूम बच्ची के साथ सामूहिक दुष्कर्म का रौंगटे खड़े कर देने वाला मामला

10 साल की मासूम का गैंग रेप, मूक-बधिर को सड़क से उठा ले गए थे दरिंदे Minor Gang Rape MP: एमपी के अशोकनगर जिले में 10 साल की मूक-बधिर मासूम बच्ची के साथ सामूहिक दुष्कर्म का रौंगटे खड़े कर देने वाला मामला, कुशवाह समाज ने आरोपियों का समाज से किया बहिष्कार, दिल दहला देने वाले इस मामले में दिव्यांगों ने कलेक्टर को सौंपा सीएम के नाम का ज्ञापन, फांसी की मांग पर अड़े Minor Gang Rape MP: दो दिन पहले 10 वर्षीय नाबालिग मूक-बधिर से हुए सामूहिक दुष्कर्म मामले में कुशवाह समाज ने बड़ा निर्णय लिया है। तीनों आरोपी कुशवाह समाज के हैं, जिन्हें समाज ने बहिष्कृत कर दिया है। आरोपियों को कठोर सजा देते हुए समाज ने इन आरोपियों और उनके परिवारों से हर तरह का रिश्ता और संपर्क खत्म कर दिया है। कुशवाह समाज का ये निर्णय जिलेभर में चर्चा बना हुआ है। यहां पढ़ें खौफनाक हादसे का पूरा सच मामला 26 सितंबर की शाम को नईसराय थाना क्षेत्र के एक गांव का है। जहां पर पड़ोसी गांव किरोंदा के भगवत पुत्र परमानंद कुशवाह, अजय उर्फ संजू पुत्र दमोदर कुशवाह और जगदीश उर्फ चऊआ पुत्र मुन्नालाल कुशवाह ने 10 वर्ष की नाबालिग को रास...